Author: Gendlal Vikey

१. वह प्यारी सलीब मुझ को दीख पड़ती है एक पहाड़ी पर जो खड़ी थी कि मसीह-ए-मस्लूब ने नदामत उठा गुनहगारो कि खातिर जान दी | पास न छोड़ूंगा प्यारी सलीब जब तक दुनिया में होगा कयाम लिपटा रहूँगा में उसी से, कि मस्लूब में है अब्दी आराम | २.आह ! वह प्यारी सलीब, जिसकी होती तहक़ीर है मुझ को बेहद दिल पजीर कि ख़ुदा के मेहबूब उस जलाली मसीह ने सहा दुःख बे नजीर | ३. मुझे प्यारी सलीब में, गो…

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और प्यार और सामर्थ चाहता हूँ मेरे खुदा आराधना तेरी मैं दिल से करूँगा आराधना तेरी मैं मन से करूँगा आराधना तेरी मैं सामर्थ से करूँगा सदा सर्वदा सदा सर्वदा Aur Pyar Aur Samarth Chahanta Hun Mere Khuda Aradhana Teri Main Dil Se Karunga Aradhana Teri Main Maan Se Karunga Main Samarth Se Karunga Sada Sarvada Sada Sarvada

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1 अदभुत है क्रूस का प्रेम जिसपर मेरे प्रभू ने दे दी जान मेरे बदले मे क्या तुझको दूँ तेरे प्रेम के बदले देता हूँ मैं अपना जीवन तेरी सेवा में तेरी भक्ती में। 2 खा कर कोढे यीशु ने दी चंगाई रोगों से हमें क्या तुझको दूँ तेरे प्रेम के बदले देता हूँ मैं अपना जीवन तेरी सेवा में तेरी भक्ती में। 3 चढगया क्रूस पर प्रभू लेकर मेरे पाप और श्राप क्या तुझको दूँ तेरे प्रेम के बदले देता हूँ मैं…

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